नई दिल्ली,3 सितंबर। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) और सेमीकंडक्टर इनोवेशन में भारत के ग्लोबल लीडर बनने की महत्वाकांक्षाओं को गति देते हुए दिल्ली विश्वविद्यालय और एएमडी (NASDAQ: AMD) ने देश की अगली पीढ़ी के एआई टैलेंट को इंडस्ट्री के लिए ज़रूरी स्किल्स से लैस करने हेतु एक रणनीतिक साझेदारी की घोषणा की है। इसे लेकर गुरुवार, 3 सितंबर को दोनों संस्थानों की ओर से एक एमओयू पर हस्ताक्षर किए गए। इस अवसर पर डीयू कुलपति प्रो. योगेश सिंह ने एमओयू को लेकर खुशी जताते हुए कहा कि अगर हम शैक्षणिक संस्थानों और इंडस्ट्री के बीच सेतु बनाना चाहते हैं तो ऐसे कार्यक्रम बहुत जरूरी हैं। कुलपति ने कहा कि भारत में एआई एजुकेशन और इनोवेशन को आगे बढ़ाने के लिए एएमडी के साथ डीयू की साझेदारी एक सराहनीय कदम है।
इस मेमोरेंडम ऑफ़ अंडरस्टैंडिंग (एमओयू) के तहत, एएमडी अपना ‘AI Engage Developer Program’ दिल्ली विश्वविद्यालय में लाएगा। इसके ज़रिए विद्यार्थियों और शिक्षकों को एएमडी के ओपन-सोर्स ROCm™ एआई सॉफ़्टवेयर प्लेटफ़ॉर्म, लर्निंग रिसोर्स और डेवलपर जीयूपी क्लाउड क्रेडिट्स का प्रैक्टिकल एक्सेस मिलेगा। इस पहल का उद्देश्य अगले साल तक 10,000 विद्यार्थियों को ट्रेनिंग देना है, ताकि वे इंडस्ट्री-ग्रेड टूल्स का इस्तेमाल करके एआई एप्लिकेशन बना सकें, टेस्ट कर सकें और उन्हें डिप्लॉय कर सकें। इस अवसर पर डीयू की ओर से रजिस्ट्रार डॉ विकास गुप्ता और एएमडी की ओर से एएमडी इंडिया की कंट्री हेड जया जगदीश ने एमओयू पर हस्ताक्षर किए। इस दौरान दिल्ली विश्वविद्यालय के दक्षिणी परिसर की निदेशक प्रो. रजनी अब्बी, डीन अकादमिक प्रो. के. रत्नाबली, डीयू कल्चर काउंसिल के चेयरपर्सन अनूप लाठर और फैकल्टी ऑफ टेक्नोलॉजी के डीन प्रो. संजीव सिंह सहित डीयू तथा एएमडी के कई अधिकारी उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के दौरान एएमडी इंडिया की कंट्री हेड और एसवीपी इंजीनियरिंग जया जगदीश ने कहा कि भारत में एआई इनोवेशन की अगली लहर का नेतृत्व करने का टैलेंट और महत्वाकांक्षा है। अब यह मौका है कि विद्यार्थियों को वास्तविक दुनिया में एआई डेवलपमेंट को आगे बढ़ाने वाले प्लेटफ़ॉर्म और टूल्स का शुरुआती एक्सेस दिया जाए। उन्होंने बताया कि दिल्ली विश्वविद्यालय के साथ हमारी साझेदारी के ज़रिए, हम विद्यार्थियों को एआई कॉन्सेप्ट्स सीखने से लेकर एआई सॉल्यूशन बनाने की दिशा में आगे बढ़ने में मदद करेंगे। यह भारत के एआई इकोसिस्टम को मज़बूत करने और भविष्य के लिए तैयार टैलेंट को विकसित करने के प्रति एएमडी की लंबे समय की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। इस साझेदारी के ज़रिए, विद्यार्थियों और फैकल्टी को एएमडी के एआई लर्निंग करिकुलम, टेक्निकल वर्कशॉप, ओपन सॉफ़्टवेयर इकोसिस्टम और प्रैक्टिकल एक्सपेरिमेंट के लिए क्लाउड-बेस्ड जीपीयू रिसोर्स का एक्सेस मिलेगा।
इस प्रोग्राम को इनोवेशन, रिसर्च और डेवलपर्स की तैयारी को बढ़ावा देने के साथ-साथ भारत के स्वदेशी एआई क्षमताएं बनाने के व्यापक विज़न को सपोर्ट करने के लिए डिज़ाइन किया गया है। यह सहयोग, एकेडेमिया, डेवलपर्स को सक्षम बनाने और ओपन एआई इनोवेशन के जरिए भारत के टेक्नोलॉजी इकोसिस्टम में एएमडी के चल रहे निवेश पर आधारित है। ओपन एआई प्लेटफ़ॉर्म पर प्रैक्टिकल अनुभव देकर विद्यार्थियों को सशक्त बनाने के ज़रिए, एएमडी का लक्ष्य इंजीनियरों की एक ऐसी नई पीढ़ी तैयार करने में मदद करना है जो आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और हाई-परफॉर्मेंस कम्प्यूटिंग में भारत की लीडरशिप में योगदान दे सकें। —



Anoop Lather
Consultant
Media Relations/ PRO
University of Delhi

