प्रयागराज में भारतीय वायुसेना का एक प्रशिक्षण माइक्रोलाइट विमान शहर के केंद्र में स्थित तालाब में गिर गया. यह दुर्घटना केपी कॉलेज के पीछे हुई, जिसके कारण आसपास के क्षेत्र में हड़कंप मच गया. राहत की बात यह है कि विमान में मौजूद दोनों पायलटों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया.
चश्मदीदों के अनुसार, विमान उड़ान भरते समय सामान्य रूप से ही था, लेकिन थोड़ी ही देर में उसका संतुलन बिगड़ गया और वह तेजी से नीचे गिरकर तालाब में जा पहुंचा। हादसे की आवाज सुनते ही बड़ी संख्या में स्थानीय लोग घटनास्थल पर जमा हो गए और तुरंत पुलिस व प्रशासन को सूचित किया गया। घटना के बाद पूरे इलाके को सुरक्षा के तहत घेर लिया गया है। चश्मदीद पदम सिंह ने बताया कि वे लोग स्कूल कैंपस में थे, तभी उन्हें रॉकेट जैसी तेज आवाज सुनाई दी। आवाज सुनकर जब पहुंचे, तो देखा कि कुछ लोग दलदल में फंसे हुए हैं। उन्होंने तुरंत तालाब में छलांग लगाई और तीन लोगों को बाहर निकाला। अब मौके पर पहुंची रेस्क्यू टीम विमान को तालाब से निकालने का प्रयास कर रही है।
घटना की जानकारी मिलते ही स्थानीय प्रशासन, पुलिस और राहत दल तुरंत मौके पर पहुंच गए। तालाब के चारों ओर बैरिकेडिंग कर रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है। विमान को तालाब से बाहर निकालने के प्रयास किए जा रहे हैं ताकि उसकी तकनीकी जांच संभव हो सके। वायुसेना और प्रशासन की संयुक्त टीम हादसे के संभावित कारणों का विश्लेषण कर रही है। प्रारंभिक रूप से तकनीकी खराबी या संतुलन बिगड़ने की संभावना पर विचार किया जा रहा है, लेकिन आधिकारिक पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही की जाएगी। अधिकारियों के अनुसार, ट्रेनिंग उड़ानों के दौरान सख्त सुरक्षा मानकों का पालन सुनिश्चित किया जाता है, और इस घटना के हर पहलू की गहराई से जांच की जाएगी।

